BNS धारा 178: सिक्कों, सरकारी स्टांपों, करेंसी नोटों या बैंक नोटों कूटकरण
भारतीय न्याय संहिता, 2023 · अध्याय 10: सिक्कों, करेंसी नोटों, बैंक नोटों और सरकारी स्टाम्पों से संबंधित अपराधों के विषय में
पहले IPC 230, IPC 231, IPC 246, IPC 248, IPC 255, IPC 489A थी। IPC → BNS खोजें
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178. जो कोई, किसी सिक्के, राजस्व के प्रयोजन के लिए सरकार द्वारा जारी स्टाम्प, करेंसी नोट या बैंक नोट का कूटकरण करेगा या जानते हुए कूटकरण की प्रक्रिया के किसी भाग को करेगा, आजीवन कारावास से या दोनों में से किसी भांति के कारावास से, जिसकी अवधि दस वर्ष तक की हो सकेगी, दंडित किया जाएगा और जुर्माने का भी दायी होगा ।
स्पष्टीकरण-इस अध्याय के प्रयोजनों के लिए,--
(1) "बैंक-नोट” पद से वचन-पत्र या मांग पर धारक को धन के संदाय हैतु व्यवस्था अभिप्रेत है जो विश्व के किसी भी भाग में बैंककारी कारबार करने वाले किसी व्यक्ति द्वारा जारी या किसी राज्य या संपूर्ण प्रभुत्व संपन्न शक्ति के प्राधिकार द्वारा जारी और प्राधिकार के अधीन प्रचालित धन के स्थान पर या उसके समतुल्य प्रयोग किए जाने हेतु आशयित है ;
(2) “सिक्का” पद का वही अर्थ होगा, जो सिक्का-निर्माण अधिनियम, 2011 की धारा 2 में इसका है और इसके अंतर्गत तत्समय धन के रूप में उपयोग में लाई जा रही और इस प्रकार उपयोग में लाए जाने के लिए किसी राज्य या संपूर्ण प्रभुत्व संपन्न शक्ति के प्राधिकार द्वारा स्टांपित और प्रचालित धातु भी है ;
(3) कोई व्यक्ति “सरकारी स्टाम्प कूटकरण” का अपराध करेगा, जो एक अंकित मूल्य के असली स्टाम्प को किसी भिन्न अंकित मूल्य के असली स्टाम्प जैसा दिखाई देने का कूटकरण करता है ;
(4) जो व्यक्ति असली सिक्के को किसी भिन्न सिक्के के जैसा दिखाई देने वाला इस आशय से बनाता है कि प्रवंचना की जाए या यह संभाव्य जानते हुए बनाता है कि 'तद्द॒वारा प्रवंचना की जाएगी, वह यह सिक्के के कूटकरण का अपराध करता है ; और
(5) "सिक्का कूटकरण" अपराध के कूटकरण में सिक्के के वजन को कम करना या मिश्रण परिवर्तन या दिखाई देने में परिवर्तन सम्मिलित है ।
यह संदर्भ के लिए अधिनियम का पाठ है, 1 जुलाई 2024 तक अद्यतन। यह कानूनी सलाह नहीं है; प्रामाणिक पाठ के लिए आधिकारिक राजपत्र देखें।
इस अध्याय की अन्य धाराएँ
- 179. कूटरचित या कूटकृत सिक्के, सरकारी स्टाम्प, करेंसी नोट या बैंक नोट को असली के रूप मैं उपयोग करना
- 180. कूटचित या कूटकृत सिक्के, सरकारी स्टाम्प, करेंसी नोटों या बैंक नोटों को कब्जे में रखना
- 181. लिखत या कूटरचना के लिए सामग्री या कूटकृत सिक्के, सरकारी स्टाम्प, करेंसी नोटों या बैंक नोटों बनाना या कब्जे में रखना
- 182. करेंसी नोटों या बैंक नोटों के सदृश रखने वाले दस्तावेजों की रचना या उपयोग
- 183. सरकार को हानि कारित करने के आशय से, उस पदार्थ पर से, जिस पर सरकारी स्टाम्प जगा हुआ है, लेख मिटाना या दस्तावेज से वह स्टाम्प हटाना, जो उसके लिए उपयोग मैं लाया गया है
- 184. ऐसे सरकारी स्टाम्प का उपयोग जिसके बारे में ज्ञात है कि उसका पहले उपयोग हो चुका है
- 185. स्टाम्प के उपयोग किए जा चुकने के द्योतक चिह्न का छीलकर मिटाना
- 186. बनावटी स्टाम्पों का प्रतिषेध
- 187. टकसाल में नियोजित व्यक्ति द्वारा सिक्के का उस वजन या मिश्रण से भिन्न कारित किया जाना जो विधि द्वारा नियत है
- 188. टकसाल से सिक्का बनाने का उपकरण विधिविरुद्ध रूप से लेना